
दुर्ग भिलाई: रिसाली नगर निगम चुनाव को लेकर कांग्रेस ने अपनी चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं. सोमवार को रिसाली के एक निजी भवन में कांग्रेस की अहम बैठक आयोजित की गई.बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, पूर्व गृह मंत्री ताम्रध्वज साहू, रिसाली चुनाव पर्यवेक्षक मोहन मरकाम समेत कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे. नेताओं ने कार्यकर्ताओं को बूथ स्तर पर सक्रिय होने और संगठन को मजबूत करते हुए चुनाव जीतने के टिप्स दिए.
बैलेट पेपर से चुनाव की मांग
बैठक के बाद पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने ईवीएम को लेकर सवाल उठाए. उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में एक ही मशीन से पार्षद और महापौर के लिए दो वोट डाले जाने का प्रयोग किया गया, जबकि निर्वाचन आयोग के निर्देशों में एक चुनाव के लिए एक ही व्यवस्था का प्रावधान है. उन्होंने ईवीएम की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग की.
बघेल ने आरोप लगाया कि एसआईआर के माध्यम से लोगों के नाम मतदाता सूची से काटे जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि जिन देशों में ईवीएम बनती हैं, वहां भी बैलेट पेपर से चुनाव होते हैं. गांव के अनपढ़ लोग भी कहते हैं कि ठप्पे से ही चुनाव होने चाहिए.
“सरकार का खजाना पूरा खाली, गारंटी की गारंटी नहीं हुई पूरी”
पेंशन के मुद्दे पर उन्होंने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार के पास वेतन और पेंशन देने तक के लिए पैसा नहीं है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटी पूरी नहीं हुई है. उन्होंने कहा कि जनता के सामने धनबल और बाहुबल नहीं चलता. जनता अब उठ खड़ी हो गई है अब कोई बल नहीं चलेगा.
केदार कश्यप पर भूपेश बघेल का हमला
बोधघाट परियोजना पर बघेल ने कहा कि बिजली उत्पादन के लिए परियोजना का विरोध किया गया था, लेकिन सिंचाई के लिए योजना हो तो विरोध नहीं होगा. वहीं मंत्री केदार कश्यप पर भी उन्होंने गंभीर आरोप लगाए और कहा पहले उनसे जुड़े जमीन और परीक्षा मामले में जवाब लिया जाना चाहिए.


