
रांची: झारखंड पुलिस मुख्यालय ने जिलों में पुलिसिंग और लंबित मामलों की स्थिति की समीक्षा को लेकर बड़ी बैठक बुलाई है. 9 सितंबर 2026 को डीजीपी झारखंड तदाशा मिश्रा की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक होगी. इसमें राज्य के सभी जिलों से लॉ एंड ऑर्डर से संबंधित महत्वपूर्ण बिंदुओं पर रिपोर्ट ली जाएगी.
छात्र आंदोलन मुख्य बिंदु
आईजी अभियान के पत्र के अनुसार बैठक में खास तौर पर सीजेपी/छात्र संगठनों की ओर से पिछले दिनों किए गए विरोध-प्रदर्शनों के दौरान जिलों की ओर से की गई विधिक कार्रवाई की समीक्षा होगी. पुलिस मुख्यालय यह देखेगा कि प्रदर्शन से जुड़े मामलों में जिलों ने किस तरह की कानूनी कार्रवाई की और उसकी प्रगति क्या है. पत्र में सभी जिलों को यह निर्देश दिया गया है की वे इस संबंध में पीपीटी भी तैयार करे.
बीट पुलिसिंग में QR कोड स्कैनिंग की भी होगी जांच
समीक्षा बैठक में बीट पुलिसिंग के दौरान QR Code Scanning की स्थिति भी प्रमुख एजेंडे में शामिल है. पुलिस मुख्यालय की ओर से जिलों से यह जानकारी ली जाएगी कि बीट स्तर पर पुलिसकर्मी QR कोड स्कैनिंग की व्यवस्था का कितना प्रभावी तरीके से इस्तेमाल कर रहे हैं. इसके अलावा ACP/MACP से जुड़े लंबित मामलों की भी समीक्षा की जाएगी. पुलिसकर्मियों से संबंधित लंबित प्रशासनिक मामलों के निपटारे की स्थिति पर जिलों से रिपोर्ट मांगी गई है.
मालखाने में पड़े मामलों और सामान के निस्तारण पर नजर
बैठक में मालखाने की स्थिति और निस्तारण के लिए लंबित मामलों को भी एजेंडे में रखा गया है. पुलिस मुख्यालय जिलों से मालखानों की मौजूदा स्थिति, लंबित मामलों और उनके निस्तारण की दिशा में उठाए गए कदमों की जानकारी लेगा. वहीं, अंतिम वेतन प्रमाण-पत्र (LPC) से संबंधित लंबित मामलों की भी समीक्षा होगी. इसका मकसद लंबित प्रशासनिक मामलों को समयबद्ध तरीके से निपटाना है.
सभी जिलों को PPT के साथ रहना होगा तैयार
पुलिस मुख्यालय ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि अपने-अपने प्रक्षेत्र और क्षेत्राधिकार से जुड़े सभी बिंदुओं पर PPT तैयार कर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान प्रस्तुत करें. बैठक में जिलों से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर लंबित मामलों के निपटारे और पुलिसिंग व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश डीजीपी के द्वारा दिए जाएंगे.


