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हरियाणा के 7 पदक विजेताओं को मिलेगी HCS-HPS की नौकरी, सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद नियुक्ति

चंडीगढ़। अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतकर देश का मान बढ़ाने वाले हरियाणा के सात खिलाड़ियों को हरियाणा सिविल सर्विस (एचसीएस) और हरियाणा पुलिस सर्विस (एचपीएस) की नौकरी मिलेगी। इनमें चार दिव्यांग खिलाड़ी शामिल हैं। अंकुर मित्तल, अभिषेक वर्मा, हरविंदर सिंह, तरुण ढिल्लों, एकता भ्याण और अमित कुमार एचसीएस अधिकारी बनेंगे, जबकि मनजीत सिंह को डीएसपी पद दिया जाएगा।

हाई कोर्ट के चार साल पुराने आदेश को सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखा है, जिसके बाद मानव संसाधन विभाग ने खिलाड़ियों की नियुक्ति के आदेश जारी किए हैं। पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने 18 अप्रैल 2022 को पुरानी खेल नीति के अनुसार इन खिलाड़ियों को एचसीएस और एचपीएस की नौकरी देने का आदेश दिया था, जिसे प्रदेश सरकार की ओर से सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी गई थी।

इसके बाद विगत 29 मई को सुप्रीम कोर्ट ने भी हाई कोर्ट के फैसले पर मुहर लगा दी थी। हरियाणा उत्कृष्ट खिलाड़ी (भर्ती एवं सेवा की शर्तें) नियम-2018 के तहत इन खिलाड़ियों को एचसीएस और एचपीएस की नौकरी दी जाएगी।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने नियुक्तियों के लिए स्वीकृति दे दी है। एचसीएस बनने वाले खिलाड़ियों में अंकुर मित्तल ने वर्ष 2018 में कोरिया के चांगवोन में आयोजित 52वीं आइएसएसएफ वर्ल्ड चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीता था। 30 मार्च 1992 को जन्मे अंकुर बीए पास हैं। उन्हें नियमों के अनुसार चार वर्ष की वरिष्ठता भी दी जाएगी।

अभिषेक वर्मा ने 2018 में एशियन गेम्स में कांस्य पदक तथा 2018 में चांगवोन में हुई 52वीं आइएसएसएफ वर्ल्ड चैंपियनशिप में रजत पदक जीता था। एक अगस्त 1989 को जन्मे अभिषेक वर्मा बीटेक/एलएलबी हैं। दिव्यांग खिलाड़ी हरविंदर सिंह ने 2018 एशियन पैरा गेम्स में तीरंदाजी में गोल्ड मेडल जीता था। 25 फरवरी 1991 को जन्मे एमए पास हरविंदर को 40 प्रतिशत दिव्यांग श्रेणी में एचसीएस
अधिकारी बनाया जाएगा।

दिव्यांग खिलाड़ी तरुण ढिल्लों ने 2018 एशियन पैरा गेम्स में बैडमिंटन में गोल्ड मेडल जीता था। 18 अगस्त 1994 को जन्मे तरुण की शैक्षणिक योग्यता बीए है। उन्हें भी 40 प्रतिशत दिव्यांग श्रेणी में नौकरी दी जाएगी। दिव्यांग खिलाड़ी एकता भ्याण ने 2018 एशियन पैरा गेम्स में एथलेटिक्स में गोल्ड मेडल जीता था। सात जून 1985 को जन्मी एकता एमए, बीएड हैं। उन्हें 100 प्रतिशत दिव्यांग श्रेणी में एचसीएस अधिकारी बनाया जाएगा।

दिव्यांग खिलाड़ी अमित कुमार ने 2014 एशियन पैरा गेम्स में एथलेटिक्स में गोल्ड मेडल जीता था। 12 जनवरी 1985 को जन्मे अमित की शैक्षणिक योग्यता बीए है। उन्हें 100 प्रतिशत दिव्यांग श्रेणी में एचसीएस अधिकारी बनाया जाएगा।

मनजीत सिंह ने 2018 एशियन गेम्स में एथलेटिक्स में गोल्ड मेडल जीता था। एक सितंबर 1989 को जन्मे मनजीत की शैक्षणिक योग्यता बीए हैं, जिन्हें डीएसपी पद पर तैनात किया जाएगा।

मनोहर सरकार में बदली गई थी पॉलिसी

हरियाणा में वर्ष 2020 तक अंतरराष्ट्रीय स्तर के पदक विजेता खिलाड़ियों को एचसीएस-एचपीएस पदों पर नियुक्ति दी जा रही थी। छह साल पहले तत्कालीन मनोहर सरकार ने खेल पॉलिसी में संशोधन कर दिया था, जिसके अनुसार किसी भी खिलाड़ी को एचसीएस-एचपीएस के पद पर सीधी नियुक्ति नहीं दी जाएगी। खिलाड़ियों को अधिकतम खेल विभाग में डिप्टी डायरेक्टर पद पर नियुक्ति दी जाएगी।

खिलाड़ियों को मेडल के अनुसार, ग्रुप-ए, ग्रुप-बी, ग्रुप-सी कैटेगरी की नौकरी मिलेगी। इसके अलावा ग्रुप डी की नौकरियों में खिलाड़ियों को 10 प्रतिशत आरक्षण दिया जाएगा। सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, हरियाणा में उत्कृष्ट खिलाड़ी भर्ती नियमों के तहत अब तक 260 खिलाड़ियों को ग्रुप-ए, बी और सी की सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं।

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