
रायपुर: केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार के 12 वर्ष के कार्यकाल को लेकर रायपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी ने गांधी मैदान स्थित कांग्रेस भवन से राजीव गांधी चौक तक मशाल रैली निकाली.हाथों में मशाल लिए बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता रैली में शामिल हुए. इस दौरान केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में नारेबाजी करते हुए रोजगार, महंगाई, किसानों की समस्याओं और शिक्षा समेत विभिन्न जनहित के मुद्दे उठाए गए.
25 मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस की ओर से आयोजित मशाल रैली के दौरान बेरोजगारी, बढ़ती महंगाई, किसानों की समस्याएं, युवाओं के रोजगार, पेपर लीक, महिलाओं की सुरक्षा और शिक्षा व्यवस्था जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया. कांग्रेस नेताओं ने इन मुद्दों पर केंद्र सरकार से जवाबदेही की मांग की.
गांधी मैदान से राजीव गांधी चौक तक निकली रैली
मशाल रैली गांधी मैदान स्थित कांग्रेस भवन से शुरू होकर राजीव गांधी चौक तक पहुंची. रैली के दौरान कार्यकर्ताओं ने हाथों में जलती मशाल लेकर केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में नारे लगाए. कांग्रेस नेताओं ने कहा कि आम जनता से जुड़े मुद्दों को व्यापक स्तर पर सामने लाने के उद्देश्य से यह कार्यक्रम आयोजित किया गया.
सोशल मीडिया पोस्टर में गिनाईं 25 कथित विफलताएं
रैली के अवसर पर कांग्रेस ने केंद्र सरकार के 12 वर्ष के कार्यकाल को लेकर 25 मुद्दों वाला सोशल मीडिया पोस्टर भी जारी किया. पोस्टर में रोजगार, कृषि, आर्थिक नीतियों, सामाजिक कल्याण, शिक्षा और पेपर लीक समेत कई विषयों को शामिल किया गया है. ये कांग्रेस द्वारा लगाए गए आरोप और राजनीतिक दावे हैं.
किसान, युवा और आम जनता है परेशान:श्रीकुमार मेनन
इस दौरान रायपुर जिला शहर कांग्रेस अध्यक्ष श्रीकुमार मेनन ने सरकार पर किसान, बेरोजगारी, बढ़ते अपराध और गौ हत्या रोकने में नाकामी समेत कई मुद्दों को लेकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि देश में किसान, बेरोजगार और आम जनता परेशान हैं, जबकि अपराध और गुंडागर्दी बढ़ रही है. इन्हीं मुद्दों को लेकर कांग्रेस ने विरोध स्वरूप मशाल रैली निकाली है.
नेताओं ने कहा-जनता से जुड़े मुद्दों पर जवाबदेही जरूरी
पूर्व महापौर प्रमोद दुबे, पूर्व विधायक कुलदीप जुनेजा और पंकज शर्मा ने कहा कि मशाल रैली केवल विरोध का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि जनता से जुड़े मुद्दों को व्यापक स्तर पर सामने रखने का प्रयास है. कांग्रेस नेताओं के मुताबिक युवा रोजगार, विद्यार्थी बेहतर शिक्षा और निष्पक्ष परीक्षाओं, किसान अपनी आय और फसल से जुड़े मुद्दों और आम जनता महंगाई से राहत की अपेक्षा कर रही है. कांग्रेस ने कहा कि इन मुद्दों को लेकर पार्टी आगे भी जनता के बीच अपनी बात रखती रहेगी और केंद्र सरकार से जवाबदेही की मांग करेगी.
बालोद में कांग्रेस की संयुक्त पत्रकारवार्ता
बालोद के राजीव भवन में जिला कांग्रेस कमेटी ने प्रेसवार्ता कर केंद्र सरकार की नीतियों, बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और वादाखिलाफी को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर तीखे राजनीतिक हमले किए. साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन को भाजपा द्वारा ‘सेवा संकल्प दिवस’ के रूप में मनाए जाने पर कड़ा ऐतराज जताया.
प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस कमेटी बालोद के अध्यक्ष चंद्रेश हिरवानी ने कहा कि केंद्र सरकार के पिछले वर्षों का कार्यकाल जनता से किए गए वादों को तोड़ने, महंगाई बढ़ाने और आर्थिक बदहाली लाने के लिए याद किया जाएगा. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि भाजपा को इस दिन को ‘सेवा संकल्प दिवस’ के बजाय ‘बेरोजगारी दिवस’, ‘महंगाई दिवस’ मनाया चाहिए.
प्रधानमंत्री मोदी का कार्यकाल विवादों और असफलताओं भरा रहा है. पूरे सरकारी तंत्र को सेवा संकल्प अभियान में लगा दिया गया, इस दौरान कोई भी सरकारी काम नहीं होगा. सिर्फ एक महीने तक ये जनता की सेवा करेंगे उसके बाद भूल जाएंगे- चंद्रेश हिरवानी, जिलाध्यक्ष कांग्रेस
“पीएम मोदी ने कहा कम तेल खर्च करने, दीये जलाने किस मद से तेल खरीदा”
संजारी बालोद की विधायक एवं प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष संगीता सिन्हा ने छत्तीसगढ़ के परिप्रेक्ष्य में भाजपा सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए. उन्होंने आरोप लगाया कि ‘मोदी की गारंटी’ के नाम पर जनता को भ्रमित किया गया है. 500 रुपये में रसोई गैस सिलेंडर, 1 लाख सरकारी नौकरियां, अनियमित कर्मचारियों का नियमितीकरण, 400 यूनिट बिजली बिल हाफ योजना की निरंतरता और युवाओं को बेरोजगारी भत्ता जैसे प्रमुख वादे धरातल पर नहीं दिख रहे हैं. उन्होंने पूर्ववर्ती सरकार द्वारा शुरू किए गए गौठानों को बंद करने पर भी विरोध जताया.
प्रशासन के अधिकारी दबाव बनाकर सभी जगह दीये जलाए जा रहे हैं. कुछ दिन पहले पीएम मोदी कह रहे थे कि कम तेल खाओ, तो अब जो दीए जलाए जा रहे हैं, इसके लिए किस मद से खर्च किया जा रहा है – संगीता सिन्हा, विधायक बालोद
छत्तीसगढ़ सरकार पर चुनावी वादे पूरे नहीं करने का आरोप
इधर महासमुंद में संयुक्त पत्रकारवार्ता में कांग्रेस नेताओं ने भाजपा के सेवा संकल्प अभियान को ‘बेरोजगारी दिवस, महंगाई दिवस, वादाखिलाफी दिवस और किसान दगा दिवस’ के रूप में मनाने की बात कही. कांग्रेस जिलाध्यक्ष एवं खल्लारी विधायक द्वारिकाधीश यादव, पूर्व विधायक विनोद चंद्राकर और अमरजीत चावला सहित नेताओं ने केंद्र और छत्तीसगढ़ सरकार पर चुनावी वादे पूरे नहीं करने का आरोप लगाया. कांग्रेस नेताओं ने रोजगार, महंगाई, किसानों की आय, पेट्रोल-डीजल की कीमत, नोटबंदी और जीएसटी सहित कई मुद्दों को लेकर सरकार पर सवाल उठाए.
मोदी जी का जन्मदिवस बेरोजगारी दिवस, महंगाई दिवस, किसान विरोधी दिवस, धोखा दिवस के रूप में मनाना चाहिए – द्वारिकाधीश यादव, कांग्रेस जिलाध्यक्ष एवं विधायक, खल्लारी
कांग्रेस के विरोध पर डिप्टी सीएम विजय शर्मा का निशाना
इधर कांग्रेस के विरोध को लेकर बस्तर में डिप्टी सीएम विजय शर्मा ने निशाना साधा. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में राजनीतिक मुद्दों पर विरोध करना स्वाभाविक है और विरोध लोकतंत्र का हिस्सा है. डिप्टी सीएम शर्मा ने कहा- कांग्रेस नक्सलवाद खत्म होने का विरोध करती है, पीएम आवास बनाए तो उसका विरोध करती है, प्रधानमंत्री कुछ कहते हैं तो उसका विरोध करते हैं, विरोध करने का ढंग ऐसा होना चाहिए कि राजनीतिक मुद्दों पर विरोध हो, वो विरोध करते करते देश का संस्थाओं और भगवान का विरोध शुरू कर देते हैं. कांग्रेस को इस बात को समझने की जरूरत है.
विजय शर्मा ने आगे कहा- बस्तर में अब कोई भी एरिया कमेटी नहीं बची है, सब समाप्त हो चुका है. पहले लोगों को ये मानने में परेशानी थी, इसे दूर करने के लिए हमने बस्तर तिरंगा यात्रा निकालकर बीजापुर से आवापल्ली, उसूर, पुजारीकांकेर और कर्रेगुट्टा तक गए. ये स्पष्ट करने के लिए अब बस्तर से नक्सलवाद खत्म हो चुका है. बस्तर में हर जगह आशीर्वाद का दीया जलाया गया.

